Home » सर्वोच्च न्यायलय » सुप्रीम कोर्ट में राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा – सुपर स्पेशियलिटी क्वालीफाइंग परसेंटाइल 50% से 30% करने पर केंद्र सरकार की सहमति

सुप्रीम कोर्ट में राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा – सुपर स्पेशियलिटी क्वालीफाइंग परसेंटाइल 50% से 30% करने पर केंद्र सरकार की सहमति

फैसला खाली  सीटों को भरने और ट्रेनिंग क्षमता का पूरा इस्तेमाल सुनिश्चित करने के लिए
मामला तमिलनाडु मेडिकल ऑफिसर्स एसोसिएशन की उस याचिका के बाद उठा
MCC अगले दो हफ्तों में बाकी बची सीटों के साथ इनका स्पेशल स्ट्रे वैकेंसी राउंड पूरा करेगी.
कानपुर:17 सितम्बर 2026
नई दिल्ली:17सितम्बर 2026
केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा – सुपर स्पेशियलिटी (NEET-SS) के लिए क्वालीफाइंग परसेंटाइल को 50% से घटाकर 30% करने पर सहमति जता दी है. इसके साथ ही, तमिलनाडु को उसकी 40 खाली इन-सर्विस सीटें वापस सौंपी जाएंगी. यह फैसला खाली पड़ी सुपर-स्पेशियलिटी सीटों को भरने और ट्रेनिंग क्षमता का पूरा इस्तेमाल सुनिश्चित करने के लिए लिया गया है.
इस महत्वपूर्ण निर्णय से जुड़े मुख्य बिंदु नीचे दिए गए हैं:
कट-ऑफ में बड़ी कटौती: केंद्र सरकार ने जस्टिस पी.एस. नरसिम्हा की अगुवाई वाली पीठ के सामने स्पष्ट किया कि आगामी ‘स्पेशल स्ट्रे वैकेंसी राउंड’ के लिए कट-ऑफ को 50वें परसेंटाइल से घटाकर 30वां परसेंटाइल किया जा रहा है.
6,000 अतिरिक्त उम्मीदवार योग्य: क्वालीफाइंग परसेंटाइल कम होने से देश भर के लगभग 6,000 और डॉक्टर इस काउंसिलिंग में शामिल होने के पात्र बन जाएंगे.
सीटों के मुकाबले तीन गुना पूल: फिलहाल देश में 1,857 सुपर-स्पेशियलिटी सीटें खाली हैं (जिसमें 1,094 DM/MCh और 763 DNB-SS सीटें शामिल हैं). अब नए बदलाव के बाद 1,857 खाली सीटों के लिए करीब 6,000 योग्य उम्मीदवारों का एक बड़ा पूल उपलब्ध होगा.
तमिलनाडु को विशेष राहत: सुप्रीम कोर्ट के पिछले आदेशों और परिस्थितियों को देखते हुए तमिलनाडु की 40 इन-सर्विस सीटें राज्य सरकार को वापस मिलेंगी. राज्य सरकार को एक सप्ताह का समय दिया जाएगा ताकि वह अपना ‘स्ट्रे वैकेंसी राउंड’ आयोजित करके इन सीटों को भर सके.
बची हुई सीटें ऑल इंडिया कोटा में जाएंगी: अगर तमिलनाडु सरकार के एक हफ्ते के राउंड के बाद भी ये 40 सीटें खाली रह जाती हैं, तो उन्हें वापस मेडिकल काउंसिलिंग कमेटी (MCC) के ऑल इंडिया पूल में जोड़ दिया जाएगा. इसके बाद MCC अगले दो हफ्तों में बाकी बची सीटों के साथ इनका स्पेशल स्ट्रे वैकेंसी राउंड पूरा करेगी.
यह मामला तमिलनाडु मेडिकल ऑफिसर्स एसोसिएशन की उस याचिका के बाद उठा था, जिसमें राज्य के सरकारी डॉक्टरों (इन-सर्विस) के लिए आरक्षित सीटों को समय से पहले ऑल-इंडिया कोटा में ट्रांसफर किए जाने को चुनौती दी गई थी

Share This

इस खबर पर अपनी प्रतिक्रिया जारी करें

0 0 votes
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Oldest
Newest Most Voted

Recent Post